दिल तोड़ना at first sight
दिल तोड़ना at first sight
झूठा गुस्सा उस पर झूठी fight
लड़की है दीवानी लड़का दीवाना
अपनी दोनों की जमेगी, right!
तुमको रोज़-रोज़ करता हूँ miss
please करने दो न एक kiss
तुमको बनाऊँगा अपनी जान
चाहोगी लाऊँगा तुम्हारे लिए चाँद
ऐसी अदा ऐसा नशा जो देखा
तुझे देखते ही प्यार हो गया
आँखें बंद करके लेट भी गया
पर नींद न आयी सारी-सारी night
लड़की है दीवानी लड़का दीवाना
अपनी दोनों की जमेगी, right!
दिल तोड़ना at first sight
झूठा गुस्सा उस पर झूठी fight
मेरे love का angle ज़रा टेढ़ा है
इन रास्तों पर रोड़ा ही रोड़ा है
पर मेरी बात न माना मेरा दिल
ढूँढ़ता रहा एक नयी मुश्किल
मैंने कितना अपनी बात समझायी
जो बीती वह कहानी दोहरायी
पीछे-पीछे दौड़ता रहा मुझको खींचता रहा
दिखाता रहा अंधेरे में light
लड़की है दीवानी लड़का दीवाना
अपनी दोनों की जमेगी, right!
दिल तोड़ना at first sight
झूठा गुस्सा उस पर झूठी fight
शायिर: विनय प्रजापति ‘नज़र’
लेखन वर्ष: २६ मई २००३

Ludoci said,
March 25, 2008 at 7:40 am
thats for sure, brother!