दिल में दुआ दिल में पिया
दिल ने चाहा दिल ने किया
इश्क़ पर किसका ज़ोर है
बहती हवाओं में शोर है
दिल में दरकती हैं आहें
उनके बिना सूनी हैं बाँहें
चले आओ, चले आओ
ठहर गयीं हैं सब राहें
दिल में दुआ दिल में पिया
दिल ने चाहा दिल ने किया
दिल की कहानियाँ पुरानी हैं
फिर भी उनको सुनानी हैं
दिल में दर्द जलते-बुझते [...]
Archive for February 7th, 2008
7 Feb
दिल में दुआ दिल में पिया
7 Feb
आ री सखी चलें फिर वहीं
आ री सखी चलें फिर वहीं
जहाँ पहली बार मिले थे
जहाँ सपनों की गलियाँ छूटी थीं
हक़ीक़त के दरवाज़े खुले थे
चाँद-तारों की बारात आयी है
हमारे इश्क़ पर सजदे करने
हल्के-फुल्के नये ख़ाब बुनने
हाथों में हाथ लेकर चलें
कच्ची बुनियादों से दूर रहें
आ री सखी चलें फिर वहीं
जहाँ पहली बार मिले थे
जहाँ सपनों की गलियाँ छूटी थीं
हक़ीक़त के दरवाज़े खुले [...]
7 Feb
कोई है इस दिल में
कोई है इस दिल में पर साथ में नहीं है
वह मेरा जाने-जिगर, वह मेरा हमसफ़र
जिससे मिली थी नज़र वह कहाँ खो गयी है
उनकी यादों के सब साये धुँधले पड़ गये हैं
दिल के अरमाँ इस ज़मीं में जड़ गये हैं
किसी को पता नहीं है वह कहाँ खो गयी है
कोई है इस दिल में पर साथ में [...]
7 Feb
दिल में तू नहीं तो क्या है सखी
दिल में तू नहीं तो क्या है सखी
मान ले तू, हम तेरे हैं हमनशीं
चाँदनी और सितारों की सरज़मीं
महकती हवा और तेरी ख़ूबसूरती
सब कुछ इन रोशन राहों में है
सब कुछ मेरी इन निगाहों में है
यह दूरी हमें तेरे क़रीब लाती है
हवा दिल की डाली कुम्हलाती है
दिल में तू नहीं तो क्या है सखी
मान ले तू, हम [...]
7 Feb
गुज़रे जो मौसम हैं वह भी आयेंगे
गुज़रे जो मौसम हैं वह भी आयेंगे
तेरे नाम हमने जिन पर लिखे थे
वह पत्ते जब हमें वापस मिल जायेंगे
नया सफ़र है और दिल में सिफ़र है
वह नाम याद है वह शाम याद है
दिल भर जायेंगे जब हम मिल जायेंगे
जाने कब होगा ऐसा बिल्कुल पहले जैसा
अब जाने कब हम तुमसे मिल पायेंगे
एक दिन तेरे निशाँ भी [...]




















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